छत्तीसगढ़ होमस्टे नीति 2025-30 से बस्तर में स्वरोजगार को मिलेगा बढ़ावा, हितग्राहियों को दिया गया प्रशिक्षण

जगदलपुर 02 जून 2026
छत्तीसगढ़ होमस्टे नीति 2025-30 के तहत नए हितग्राहियों को जागरूक और प्रशिक्षित करने के उद्देश्य से जगदलपुर में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल के पर्यटन सूचना केंद्र द्वारा जिला पंचायत बस्तर के सहयोग से आयोजित इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में इच्छुक हितग्राहियों ने भाग लिया।
बैठक का मुख्य उद्देश्य हितग्राहियों को होमस्टे व्यवसाय की बारीकियों से परिचित कराना, पर्यटन आधारित स्वरोजगार के लिए प्रेरित करना और नीति के प्रभावी क्रियान्वयन के प्रति जागरूक करना था। इस पहल से बस्तर में सामुदायिक पर्यटन को बढ़ावा मिलने के साथ स्थानीय लोगों की आय में वृद्धि और रोजगार के नए अवसर सृजित होने की उम्मीद जताई गई।
पर्यटन स्थलों के विकास पर हुई चर्चा
कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों ने हितग्राहियों से उनके प्रस्तावित होमस्टे की जानकारी ली। साथ ही यह भी जाना कि वे किन क्षेत्रों में होमस्टे स्थापित करना चाहते हैं और आसपास कौन-कौन से पर्यटन स्थल मौजूद हैं। अधिकारियों ने बताया कि प्राकृतिक, सांस्कृतिक और ऐतिहासिक धरोहरों से समृद्ध क्षेत्रों में होमस्टे विकसित होने से पर्यटन गतिविधियों को नई गति मिलेगी।
व्यवसाय संचालन और नीतिगत जानकारी दी गई
बैठक में हितग्राहियों को अतिथि सत्कार, स्वच्छता एवं गुणवत्ता मानकों, डिजिटल मार्केटिंग, पर्यटकों को दी जाने वाली सुविधाओं तथा छत्तीसगढ़ होमस्टे नीति 2025-30 के प्रावधानों, पात्रता शर्तों और आवेदन प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी दी गई।
ऋण सुविधा और बैंकिंग सहयोग पर जोर
छत्तीसगढ़ ग्रामीण बैंक के अधिकारियों ने हितग्राहियों को योजना के तहत उपलब्ध ऋण सुविधा, ब्याज अनुदान और बैंकिंग प्रक्रियाओं की जानकारी दी। उन्होंने भरोसा दिलाया कि शासन और बैंकिंग सहयोग के माध्यम से इच्छुक हितग्राही अपने होमस्टे व्यवसाय को सफलतापूर्वक स्थापित कर सकते हैं।
बस्तर में सामुदायिक पर्यटन की अपार संभावनाएं
कार्यक्रम में उपस्थित जिला पंचायत बस्तर के सहायक परियोजना अधिकारी तपन डे ने कहा कि बस्तर की प्राकृतिक सुंदरता, समृद्ध जनजातीय संस्कृति और विविध पर्यटन स्थल होमस्टे व्यवसाय के लिए अपार संभावनाएं प्रदान करते हैं। उन्होंने हितग्राहियों को पर्यटकों को बेहतर सेवाएं देने और उत्कृष्ट अनुभव उपलब्ध कराने के लिए प्रेरित किया।




