झमाझम बारिश से बस्तर में राहत, नानगुर में सबसे अधिक 15.3 मिमी वर्षा दर्ज

जगदलपुर, 23 जून 2026
सुबह की बारिश से मौसम हुआ सुहावना, किसानों के खिले चेहरे; जिले की औसत वर्षा 78.5 प्रतिशत पहुँची
बस्तर जिले में सोमवार सुबह हुई झमाझम बारिश ने भीषण गर्मी और उमस से जूझ रहे लोगों को बड़ी राहत दी। सुबह से ही बादलों की गड़गड़ाहट और तेज बारिश ने मौसम को खुशनुमा बना दिया। मौसम विभाग एवं राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग की रिपोर्ट के अनुसार जिले के नानगुर तहसील में सबसे अधिक 15.3 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई, जो पूरे जिले में सर्वाधिक रही।
जिला मुख्यालय जगदलपुर में 10.8 मिलीमीटर, बस्तर तहसील में 9.5 मिलीमीटर तथा लोहांडीगुड़ा में 7.8 मिलीमीटर वर्षा रिकॉर्ड की गई। वहीं भानपुरी में हल्की बूंदाबांदी हुई, जबकि बकावंड, बस्तानार, दरभा, तोकापाल और करपावंड क्षेत्रों में सुबह बारिश नहीं हुई, हालांकि आसमान में घने बादल छाए रहे और बारिश की संभावना बनी हुई है।
मानसून सीजन के शुरुआती दौर में ही जिले में अच्छी वर्षा दर्ज की जा रही है। 1 जून 2026 से अब तक बस्तर तहसील में 142.4 मिलीमीटर वर्षा हो चुकी है, जो पिछले दस वर्षों के औसत 112.6 मिलीमीटर से करीब 126.5 प्रतिशत अधिक है। वहीं करपावंड क्षेत्र में सामान्य औसत की तुलना में 175.1 प्रतिशत वर्षा दर्ज की गई है, जो मानसून की मजबूत शुरुआत का संकेत है।
सोमवार सुबह हुई बारिश के बाद जिले की दैनिक औसत वर्षा 4.4 मिलीमीटर दर्ज की गई है। इसके साथ ही इस मानसून सीजन में जिले की कुल औसत वर्षा 78.5 प्रतिशत तक पहुँच गई है। अच्छी बारिश से खेतों में नमी बढ़ने के कारण किसानों के चेहरों पर खुशी लौट आई है। धान की बोआई और खेतों की तैयारी के लिए यह बारिश बेहद लाभदायक मानी जा रही है।
मौसम विभाग का अनुमान है कि आने वाले दिनों में मानसून और अधिक सक्रिय होगा तथा बस्तर जिले के शेष क्षेत्रों में भी अच्छी वर्षा होने की संभावना है। यदि यही क्रम जारी रहा तो कृषि कार्यों को गति मिलेगी, जलस्रोतों का जलस्तर बढ़ेगा और जिले में खरीफ सीजन की शुरुआत और भी बेहतर होने की उम्मीद




