राम मंदिर चढ़ावा गबन केस में बड़ा खुलासा: सबूत मिटाने और संपत्ति छिपाने की कोशिश, SIT जांच में नए तथ्य सामने आए

अयोध्या , 28 जून 2026
राम मंदिर चढ़ावा गबन मामले में जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, वैसे-वैसे नए खुलासे सामने आ रहे हैं। पुलिस और SIT की जांच में पता चला है कि आरोपियों ने कार्रवाई की आशंका के चलते अहम डिजिटल सबूत मिटाने और कथित रूप से रकम ठिकाने लगाने की कोशिश की।
जांच के दौरान सामने आया कि कई आरोपियों ने अपने मोबाइल फोन से व्हाट्सएप चैट और अन्य महत्वपूर्ण डेटा डिलीट कर दिया, जबकि कुछ मोबाइल फोन को फॉर्मेट भी किया गया। पुलिस अब सीसीटीवी फुटेज, मोबाइल डेटा और अन्य इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों के आधार पर पूरे मामले की पड़ताल कर रही है।
संपत्तियों की भी जांच के दायरे में आरोपी
SIT जांच में कई संदिग्धों की आर्थिक स्थिति में असामान्य बढ़ोतरी सामने आने की बात कही जा रही है। रिपोर्ट्स के अनुसार, कुछ लोगों की संपत्ति 50 से 100 गुना तक बढ़ने की जांच की जा रही है। जमीन, प्लॉट, होटल और अन्य संदिग्ध संपत्तियां भी जांच के दायरे में हैं।
बताया जा रहा है कि टिन्नू यादव समेत उससे जुड़े 30 से अधिक लोग पुलिस और SIT की जांच के घेरे में हैं।
सुरक्षा व्यवस्था और ट्रस्ट की भूमिका भी जांच में
मामले के बाद मंदिर की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठे हैं। कंट्रोल रूम प्रभारी, सुरक्षा कर्मियों, PAC और संबंधित पुलिसकर्मियों की भूमिका की जांच की जा रही है। वहीं, ट्रस्ट पदाधिकारियों की भूमिका भी जांच के दायरे में है और फिलहाल किसी को क्लीन चिट नहीं दी गई है। विस्तृत जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।




