सुशासन तिहार में बदली ज़िंदगी की तस्वीर: सरोधी की चौपाल में सामने आई प्रेरणादायक कहानी

रायपुर, 5 मई 2026।
छत्तीसगढ़ में चल रहे सुशासन तिहार के दौरान ग्राम सरोधी में आयोजित चौपाल कार्यक्रम सिर्फ सरकारी संवाद तक सीमित नहीं रहा, बल्कि यह आम लोगों के जीवन में आए सकारात्मक बदलावों की सशक्त झलक भी बनकर सामने आया।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की उपस्थिति में आयोजित इस चौपाल में ग्राम सरोधी की निवासी केकती मरावी की कहानी ने सबका ध्यान आकर्षित किया। एक साधारण किसान परिवार से जुड़ी केकती बाई अपने पति और तीन बच्चों के साथ सीमित संसाधनों में जीवन यापन कर रही थीं, जहां हर छोटी जरूरत भी चुनौती बन जाती थी।
लेकिन महतारी वंदन योजना ने उनके जीवन में बड़ा बदलाव लाया। अब तक उन्हें योजना की 26 किश्तें मिल चुकी हैं, जिससे घर के खर्चों में काफी सहारा मिला है और आत्मनिर्भरता की भावना मजबूत हुई है।
इसके साथ ही, केकती बाई पिछले दो वर्षों से “स्वच्छता दीदी” के रूप में कार्य कर रही हैं, जिससे उन्हें हर महीने अतिरिक्त आय प्राप्त हो रही है। वहीं उज्ज्वला योजना के तहत मुफ्त गैस सिलेंडर मिलने से उनके परिवार के स्वास्थ्य और जीवनशैली में भी सुधार हुआ है।
केकती बाई सिर्फ अपने परिवार तक सीमित नहीं रहीं, बल्कि “जय मां बंजारी महिला स्व सहायता समूह” की अध्यक्ष के रूप में अन्य महिलाओं को भी आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित कर रही हैं। समूह को मिली 15 हजार रुपये की सहायता राशि ने इस दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
भावुक होते हुए केकती बाई ने बताया कि आज उनका परिवार पहले से अधिक सशक्त और आत्मविश्वासी महसूस करता है। उन्होंने राज्य सरकार के प्रति आभार जताते हुए कहा कि योजनाओं ने उनके जीवन को नई दिशा दी है।
यह कहानी बताती है कि जब सरकारी योजनाएं सही लोगों तक पहुंचती हैं, तो वे केवल आर्थिक सहायता नहीं देतीं, बल्कि सम्मान और आत्मनिर्भरता की नई राह भी खोलती हैं।




