NHM कर्मचारियों को मुख्यमंत्री साय की बड़ी सौगात, 33 दिनों की हड़ताल अवधि का मिलेगा वेतन

रायपुर, 13 जून 2026
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने शनिवार को राजधानी रायपुर स्थित बलबीर सिंह जुनेजा इंडोर स्टेडियम में आयोजित राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) कर्मचारी संघ के प्रदेश स्तरीय महासम्मेलन में स्वास्थ्य कर्मियों को बड़ी सौगात दी। मुख्यमंत्री ने 33 दिनों की हड़ताल अवधि का वेतन देने की घोषणा करते हुए कहा कि एनएचएम कर्मचारी प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था की रीढ़ की हड्डी हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश के दूरस्थ और दुर्गम क्षेत्रों तक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाने में एनएचएम कर्मियों की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि स्वस्थ छत्तीसगढ़ के निर्माण में इन कर्मचारियों का योगदान अतुलनीय है और राज्य सरकार उनके समर्पण एवं सेवाओं का सम्मान करती है।
कोरोना काल की सेवाओं को किया याद
मुख्यमंत्री साय ने कोरोना महामारी के दौरान स्वास्थ्य कर्मियों द्वारा निभाई गई भूमिका की सराहना करते हुए कहा कि संकट के दौर में एनएचएम अधिकारी और कर्मचारी अपनी जान की परवाह किए बिना लोगों की सेवा में जुटे रहे। उन्होंने कहा कि आज भी कई ऐसे क्षेत्रों में, जहां सड़क और परिवहन सुविधाएं उपलब्ध नहीं हैं, स्वास्थ्य कर्मी पैदल चलकर और नदी-नाले पार कर लोगों तक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचा रहे हैं।
स्वस्थ बस्तर अभियान का उल्लेख
मुख्यमंत्री ने मुख्यमंत्री स्वस्थ बस्तर अभियान का जिक्र करते हुए बताया कि स्वास्थ्य विभाग की टीमें गांव-गांव पहुंचकर लोगों की स्वास्थ्य जांच कर रही हैं। उन्होंने कहा कि अब तक बस्तर क्षेत्र की लगभग 90 प्रतिशत आबादी की स्क्रीनिंग पूरी की जा चुकी है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के मार्गदर्शन तथा सुरक्षा बलों के प्रयासों से बस्तर में नक्सलवाद के खिलाफ बड़ी सफलता मिली है, जिससे विकास और स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार की नई संभावनाएं बनी हैं।
स्वास्थ्य सेवाओं का हुआ विस्तार
मुख्यमंत्री ने बताया कि पिछले ढाई वर्षों में प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार के लिए कई महत्वपूर्ण कदम उठाए गए हैं। नए मेडिकल कॉलेजों की स्थापना, डॉक्टरों और पैरामेडिकल स्टाफ की भर्ती से स्वास्थ्य व्यवस्था और मजबूत हुई है। उन्होंने कर्मचारियों से सेवा भावना के साथ कार्य जारी रखने का आह्वान किया।
स्वास्थ्य मंत्री ने गिनाईं उपलब्धियां
कार्यक्रम में स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने कहा कि जशपुर से लेकर सुकमा तक स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत बनाने में एनएचएम कर्मचारियों का अहम योगदान है। उन्होंने बताया कि कर्मचारियों की कई मांगें पूरी की जा चुकी हैं और स्थानांतरण नीति भी लागू कर दी गई है।
उन्होंने घोषणा की कि अब एनएचएम कर्मचारी भी कैशलेस उपचार योजना के दायरे में शामिल होंगे। इसके अलावा कर्मचारियों के लिए जीवन बीमा सुविधा लागू की गई है, जिसके तहत सामान्य मृत्यु पर 6 लाख रुपये, दुर्घटना में मृत्यु या स्थायी दिव्यांगता की स्थिति में 1 करोड़ 40 लाख रुपये तक की सहायता प्रदान की जाएगी।
स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि प्रदेश में मातृ मृत्यु दर और शिशु मृत्यु दर में लगातार कमी आई है। साथ ही नर्सों की भर्ती प्रक्रिया जारी है और शिशु एवं मातृ स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के लिए 116 नए विशेषीकृत स्वास्थ्य केंद्रों के लिए स्थानों का चयन किया जा चुका है।
मुख्यमंत्री द्वारा हड़ताल अवधि का वेतन देने की घोषणा के बाद एनएचएम कर्मचारी संघ के पदाधिकारियों और कर्मचारियों ने उनका भव्य स्वागत एवं अभिनंदन किया। कार्यक्रम में विधायक पुरंदर मिश्रा, मुख्यमंत्री के सलाहकार डॉ. धीरेंद्र तिवारी, एनएचएम कर्मचारी संघ के अध्यक्ष डॉ. अमित कुमार मिरी सहित बड़ी संख्या में स्वास्थ्य अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।




