
जगदलपुर, 22 मई 2026। राज्य शासन द्वारा किसानों को कृषि एवं राजस्व सेवाओं का लाभ डिजिटल माध्यम से उपलब्ध कराने के उद्देश्य से संचालित एग्रीस्टैक पोर्टल में विशेष वर्ग के किसानों के लिए महत्वपूर्ण पहल शुरू की गई है। इसके तहत अब पोर्टल में छूटे हुए खसरा एवं कंपार्टमेंट नंबरों को “अपडेट फार्मर रिक्वेस्ट” प्रक्रिया के माध्यम से जोड़ा जा सकेगा।
इस नई व्यवस्था का सीधा लाभ वन अधिकार पट्टा धारकों, दुवान क्षेत्र के किसानों, शासकीय पट्टाधारियों, ग्राम कोटवारों एवं खेती करने वाले अन्य विशेष वर्ग के किसानों को मिलेगा।
प्रशासनिक अधिकारियों ने बताया कि जिन किसानों का पहले से एग्रीस्टैक आईडी (फार्मर आईडी) बना हुआ है, लेकिन उनके कुछ खसरा या कंपार्टमेंट नंबर पोर्टल में दर्ज होने से छूट गए थे, वे अब आसानी से “सम ई-20” प्रक्रिया के माध्यम से उन्हें जोड़ सकेंगे।
इसके लिए भुइयां पोर्टल के तहसील एवं जिला लॉगिन के माध्यम से पंजीयन की प्रक्रिया प्रारंभ कर दी गई है। किसानों से जल्द से जल्द पंजीयन पूर्ण कराने की अपील की गई है, ताकि उन्हें शासन की विभिन्न कृषि योजनाओं का लाभ समय पर मिल सके।
पारदर्शिता एवं सटीकता सुनिश्चित करने के लिए “अपडेट फार्मर रिक्वेस्ट” के अंतर्गत किए गए दावों की जांच एवं सत्यापन की विशेष व्यवस्था बनाई गई है। इसके तहत किसानों द्वारा दावा किए गए सभी खसरों की जानकारी संबंधित पटवारी आईडी में प्रदर्शित होगी। पटवारी स्तर पर जांच और सत्यापन के बाद यह डेटा तहसीलदार की आईडी में भेजा जाएगा।
तहसीलदार द्वारा अनुमोदन मिलते ही संबंधित छूटे हुए खसरा या कंपार्टमेंट नंबर सीधे किसान की एग्रीस्टैक आईडी से लिंक हो जाएंगे। अधिकारियों का कहना है कि इस पहल से किसानों को सरकारी योजनाओं, अनुदान एवं अन्य कृषि सुविधाओं का लाभ अधिक सुगमता से प्राप्त हो सकेगा।




