चार दिवसीय बस्तर प्रवास पर अरुण साव का सख्त रुख, जल जीवन मिशन से लेकर सड़क निर्माण तक हर काम की हुई बारीकी से जांच

रायपुर, 6 जून 2026। उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने अपने चार दिवसीय बस्तर प्रवास के पहले दिन कई विकास कार्यों का निरीक्षण कर आवश्यक निर्देश दिए। वे इस दौरान कांकेर के कोटतरा में सुशासन तिहार के तहत आयोजित जनसमस्या निवारण शिविर में शामिल हुए। उन्होंने ग्राम पंचायत के नवनिर्मित भवन का लोकार्पण किया तथा विभिन्न योजनाओं के हितग्राहियों को चेक, सामग्री और प्रमाण पत्र वितरित किए।
उप मुख्यमंत्री साव आगामी चार दिनों तक बस्तर में रहकर निर्माण कार्यों और योजनाओं के मैदानी स्तर पर क्रियान्वयन का निरीक्षण करेंगे। वे बस्तर संभाग के सभी जिलों के अधिकारियों की बैठक लेकर कार्यों की प्रगति की समीक्षा भी करेंगे।
पहले दिन उन्होंने कांकेर जिले के चारामा विकासखण्ड के ग्राम बड़ेगौरी में जल जीवन मिशन के कार्यों का निरीक्षण किया। इस योजना के तहत 2.49 करोड़ रुपये की लागत से पानी टंकी निर्माण और रेट्रोफिटिंग के माध्यम से 391 घरों में स्वच्छ पेयजल आपूर्ति की जा रही है। उन्होंने घर-घर जाकर जल आपूर्ति व्यवस्था का जायजा लिया और जल अर्पण कार्यक्रम में भी शामिल हुए।
इसके बाद उन्होंने कांकेर में निर्माणाधीन 250 सीटर नालंदा परिसर का निरीक्षण किया। 4.71 करोड़ रुपये की लागत से बन रहे इस परिसर को उन्होंने अक्टूबर माह तक पूर्ण करने के निर्देश दिए। साथ ही नगर पालिका अधिकारी को जिला मुख्यालय के अनुरूप साफ-सफाई और जनसुविधाएं बेहतर करने के निर्देश भी दिए।
उप मुख्यमंत्री ने अमोड़ा–नरहरपुर सड़क निर्माण कार्य का भी निरीक्षण किया। कार्य की धीमी प्रगति पर उन्होंने नाराजगी जताते हुए ठेकेदार और कार्यपालन अभियंता को स्पष्ट निर्देश दिए कि कार्य में तेजी लाई जाए। उन्होंने कहा कि गुणवत्ता और समय-सीमा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसमें किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने वर्क-फोर्स और मशीनरी बढ़ाकर कार्यों को गति देने के निर्देश दिए।
40.23 करोड़ रुपये की लागत से 16 किमी लंबी इस टू-लेन सड़क का निर्माण किया जा रहा है। निरीक्षण के दौरान कांकेर विधायक आशाराम नेताम भी उपस्थित रहे।




