19 साल पुराने जामिया नगर थाना कांड में पूर्व विधायक आसिफ समेत 13 पर आरोप तय

नई दिल्ली, 22 मई 2026। दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने वर्ष 2007 के चर्चित जामिया नगर थाना आगजनी मामले में कांग्रेस के पूर्व विधायक Asif Mohammad Khan समेत 13 आरोपियों के खिलाफ गंभीर धाराओं में आरोप तय किए हैं। वहीं साक्ष्यों के अभाव में 17 अन्य आरोपियों को अदालत ने आरोप मुक्त कर दिया।
करीब 19 साल पुराने इस मामले में कोर्ट ने आरोपियों पर गैर-कानूनी तरीके से भीड़ इकट्ठा करने, दंगा भड़काने, सरकारी कार्य में बाधा डालने और हत्या के प्रयास जैसे गंभीर आरोप तय किए हैं। मामले की सुनवाई राउज एवेन्यू कोर्ट में हुई।
दिल्ली पुलिस के अनुसार 22 अगस्त 2007 को जामिया नगर इलाके में भारी भीड़ जमा हुई थी, जिसे कथित रूप से हिंसा के लिए उकसाया गया। आरोप है कि भीड़ ने जामिया नगर पुलिस चौकी और थाने पर हमला कर पथराव किया और बाद में आग लगा दी। इस हिंसा में तीन लोगों को गोली लगी थी, जबकि कई पुलिसकर्मी समेत कुल 18 लोग घायल हुए थे। साथ ही सरकारी संपत्ति को भी भारी नुकसान पहुंचा था।
अदालत ने Asif Mohammad Khan सहित अन्य आरोपियों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 148, 149, 186, 307 और 395 के तहत आरोप तय किए हैं। कोर्ट का मानना है कि उपलब्ध साक्ष्य मुकदमे की सुनवाई आगे बढ़ाने के लिए पर्याप्त हैं।
वहीं दूसरी ओर, अदालत ने 17 अन्य लोगों को राहत देते हुए उनके खिलाफ पर्याप्त साक्ष्य नहीं मिलने पर आरोप मुक्त कर दिया।
इस मामले में अब आगे ट्रायल की प्रक्रिया चलेगी, जिसमें अभियोजन पक्ष अपने साक्ष्य और गवाह अदालत के समक्ष पेश करेगा।




