
बकावंड,5 नवम्बर 2026
बस्तर जिले के बकावंड विकासखंड में आयोजित दो दिवसीय बस्तर ओलंपिक खेल प्रतियोगिता का 4 नवंबर को उत्साहपूर्ण समापन हुआ। 3 नवंबर से बकावंड के खेल मैदान में आयोजित इस प्रतियोगिता में विकासखंड के 9 जोन से 500 से अधिक खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया। समापन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में बस्तर सांसद महेश कश्यप शामिल हुए।
प्रतियोगिता में कबड्डी, खो-खो, वॉलीबॉल, एथलेटिक्स, ऊंची कूद, लंबी कूद और दौड़ सहित विभिन्न खेलों का आयोजन किया गया। स्कूली बच्चों ने भी बड़ी संख्या में भाग लेकर अपनी खेल प्रतिभा का प्रदर्शन किया। इस दौरान बच्चों ने रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियां और नृत्य भी प्रस्तुत किए।
खेल से शारीरिक और मानसिक विकास के साथ बढ़ता है भाईचारा : सांसद
समापन समारोह को संबोधित करते हुए सांसद महेश कश्यप ने खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन किया। उन्होंने कहा कि खेल में केवल जीत और हार मायने नहीं रखती, बल्कि इससे शारीरिक, मानसिक और बौद्धिक विकास होता है। खेल अनुशासन, आपसी सहयोग और भाईचारे की भावना को मजबूत बनाते हैं।
उन्होंने कहा कि व्यक्ति जीवन में लगभग 25 से 30 वर्ष की उम्र तक ही सक्रिय रूप से प्रतिस्पर्धात्मक खेल खेल पाता है, इसलिए हर व्यक्ति को जीवन में कम से कम एक बार खेल प्रतियोगिता में जरूर हिस्सा लेना चाहिए।
खेल सिखाता है भारतीयता और एकता का भाव
सांसद ने कहा कि भारत में अलग-अलग भाषाएं, बोलियां, जातियां और समुदाय हैं। तेलुगु, तमिल, मलयालम, उड़िया, भतरी और गोंडी जैसी अनेक भाषाएं बोलने वाले लोग खेल के मैदान में एक टीम बनकर उतरते हैं।
उन्होंने सचिन तेंदुलकर, सौरव गांगुली और हरभजन सिंह का उदाहरण देते हुए कहा कि अलग-अलग राज्यों से आने वाले खिलाड़ी जब भारतीय टीम के रूप में खेलते हैं, तो पूरी दुनिया उन्हें भारतीय के रूप में पहचानती है। खेल जाति-पाति, ऊंच-नीच और भेदभाव को मिटाकर एकता एवं भारतीयता की भावना सिखाता है।
जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों की रही उपस्थिति
कार्यक्रम में जनपद अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, जिला पंचायत सदस्य, जनपद सदस्य, मंडल अध्यक्ष, सरपंच, जनपद पंचायत सीईओ, पंचायत कर्मचारी, सचिव, विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी, महिला समूहों के सदस्य, जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में स्कूली बच्चे उपस्थित रहे। प्रतियोगिता के दौरान खिलाड़ियों में खासा उत्साह देखने को मिला।








