छत्तीसगढ़ सरकार का बड़ा फैसला, सचिवालय में कार्यों का पुनर्गठन

रायपुर 3 जून 2026
मुख्यमंत्री सचिवालय में प्रशासनिक कामकाज को अधिक प्रभावी, जवाबदेह और परिणामोन्मुख बनाने के उद्देश्य से राज्य सरकार ने बड़ा प्रशासनिक पुनर्गठन किया है। जारी आदेश के अनुसार सचिवालय के वरिष्ठ अधिकारियों के बीच विभागवार जिम्मेदारियों का स्पष्ट बंटवारा किया गया है। इसके अलावा प्रदेश के रायपुर, बिलासपुर, बस्तर, सरगुजा और दुर्ग संभाग के लिए अलग-अलग नोडल अधिकारियों की नियुक्ति की गई है।
प्रमुख सचिव सुबोध कुमार सिंह को मिली अहम जिम्मेदारी
मुख्यमंत्री सचिवालय में सबसे महत्वपूर्ण दायित्व प्रमुख सचिव सुबोध कुमार सिंह को सौंपे गए हैं। उनके पास राष्ट्रपति भवन, प्रधानमंत्री कार्यालय, सर्वोच्च न्यायालय, नीति आयोग, लोकसभा-राज्यसभा, अन्य राज्यों के मुख्यमंत्रियों से जुड़े विषयों की जिम्मेदारी रहेगी। इसके साथ ही मंत्रिपरिषद, समन्वय, अखिल भारतीय सेवा (AIS) अधिकारियों, जन घोषणा पत्र, मुख्यमंत्री की विशेष परियोजनाओं और सीएम डैशबोर्ड की निगरानी भी वे करेंगे।
इन अधिकारियों को सौंपी गई विभागीय जिम्मेदारियां
सचिव मुकेश कुमार बंसल को मुख्यमंत्री घोषणाओं की समीक्षा के साथ कृषि, पशुपालन, मत्स्य पालन, सहकारिता, ऊर्जा, जल संसाधन, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति, आबकारी तथा वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग की जिम्मेदारी दी गई है।
सचिव पी. दयानंद मुख्यमंत्री सहायता कोष, विवेकाधीन निधि और मुख्यमंत्री विशेष स्वास्थ्य सहायता योजना से जुड़े मामलों का संचालन करेंगे। उनके पास लोक निर्माण, स्वास्थ्य, चिकित्सा शिक्षा, जीएसटी, पंजीयन और संसदीय कार्य विभाग भी रहेंगे।
सचिव राहुल भगत को मुख्यमंत्री निवास से जुड़े समन्वय कार्यों के अलावा गृह, जेल, परिवहन, संस्कृति, पर्यटन, खेल एवं युवा कल्याण, महिला एवं बाल विकास, समाज कल्याण तथा अनुसूचित जाति-जनजाति एवं पिछड़ा वर्ग विकास विभाग सौंपे गए हैं।
विशेष सचिव रजत बंसल को सुशासन तिहार, सूचना का अधिकार (RTI) और जनप्रतिनिधियों से जुड़े मामलों की जिम्मेदारी दी गई है। वे पंचायत एवं ग्रामीण विकास, स्कूल शिक्षा, उच्च शिक्षा, आवास एवं पर्यावरण, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी, ग्रामोद्योग और विमानन विभाग की निगरानी करेंगे।
संयुक्त सचिव प्रभात मलिक को जनदर्शन और जन शिकायत निवारण व्यवस्था की मॉनिटरिंग की जिम्मेदारी दी गई है। साथ ही राजस्व एवं आपदा प्रबंधन, नगरीय प्रशासन, सूचना प्रौद्योगिकी, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, योजना, कौशल विकास एवं रोजगार तथा श्रम विभाग उनके अधिकार क्षेत्र में रहेंगे।
पांच संभागों के लिए बनाए गए नोडल अधिकारी
सरकार ने पहली बार संभागवार जवाबदेही तय करते हुए वरिष्ठ अधिकारियों को नोडल जिम्मेदारी सौंपी है।
- रायपुर संभाग – मुकेश कुमार बंसल
- बिलासपुर संभाग – पी. दयानंद
- बस्तर संभाग – राहुल भगत
- सरगुजा संभाग – रजत बंसल
- दुर्ग संभाग – प्रभात मलिक
क्या होगा फायदा?
मुख्यमंत्री सचिवालय में हुए इस पुनर्गठन को केवल कार्य विभाजन नहीं, बल्कि परिणाम आधारित प्रशासनिक मॉनिटरिंग की नई व्यवस्था माना जा रहा है। इससे विभागवार और संभागवार स्तर पर योजनाओं की निगरानी, जन शिकायतों के त्वरित निराकरण और मुख्यमंत्री की प्राथमिकताओं के प्रभावी क्रियान्वयन में तेजी आने की उम्मीद है।




