कोंडागांव में CPI का प्रदर्शन: 12 मांगों को लेकर राज्यपाल-सीएम के नाम ज्ञापन, समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन की चेतावनी

कोंडागांव। क्षेत्र में लगातार संघर्षरत कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया (CPI) जिला परिषद कोंडागांव ने आज आम जनता की 12 प्रमुख समस्याओं को लेकर महामहिम राज्यपाल और मुख्यमंत्री छत्तीसगढ़ शासन के नाम एक ज्ञापन अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) कोंडागांव को सौंपा।
ज्ञापन के माध्यम से पार्टी ने कोंडागांव जिले सहित आदिवासी बहुल बस्तर संभाग की जमीनी समस्याओं की ओर शासन का ध्यान आकर्षित करते हुए जल्द समाधान की मांग की है।
CPI ने अपनी मांगों में ग्राम पंचायतों में सचिव और रोजगार सहायकों की नियुक्ति, आधार कार्ड में त्रुटियों को सुधारने की प्रक्रिया सरल करने, भूरिया समिति की सिफारिशें लागू कर स्थानीय लोगों को उद्योगों में प्राथमिकता देने जैसे मुद्दे उठाए। इसके अलावा स्थानीय युवाओं को 100% रोजगार प्राथमिकता, वनाधिकार पट्टा वितरण, शासकीय भूमि पर रह रहे लोगों को निःशुल्क पट्टा, और बस्तर की मूल जातियों को अनुसूचित जनजाति में शामिल करने की मांग भी की गई।
स्वास्थ्य और शिक्षा के क्षेत्र में हर जिला मुख्यालय में मेडिकल कॉलेज खोलने, जिला अस्पतालों को अत्याधुनिक बनाने और पंचायत स्तर पर स्वास्थ्य सुविधाएं मजबूत करने की बात कही गई है। वहीं मनरेगा के तहत 200 दिन रोजगार गारंटी, सार्वजनिक वितरण प्रणाली को मजबूत करने और 60 वर्ष से अधिक उम्र के किसानों को वृद्धावस्था पेंशन देने की मांग भी प्रमुख रूप से शामिल है।
CPI ने चेतावनी दी है कि यदि इन समस्याओं का जल्द समाधान नहीं किया गया, तो पार्टी जनसमर्थन के साथ आंदोलन करने को बाध्य होगी, जिसकी पूरी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।




