सभापति की गाड़ी हटी, ई-रिक्शा से आना-जाना: धमतरी निगम में विवाद, विपक्ष का हमला—ट्रिपल इंजन फेल, महापौर बोले- गाड़ियां खराब

धमतरी। नगर निगम की महिला सभापति कौशल्या देवांगन इन दिनों सरकारी वाहन के बिना ई-रिक्शा से कार्यालय आ-जा रही हैं, जिससे सियासी माहौल गर्म हो गया है। पिछले एक सप्ताह से आधिकारिक गाड़ी नहीं मिलने पर यह मामला अब राजनीतिक तूल पकड़ चुका है।
सभापति कौशल्या देवांगन ने बताया कि सामान्य सभा की बैठक के अगले ही दिन उनका वाहन वापस ले लिया गया। शुरुआत में तकनीकी खराबी का हवाला दिया गया, लेकिन उनका कहना है कि गाड़ी पूरी तरह ठीक हालत में थी। तब से उन्हें किराए के ई-रिक्शा से निगम आना-जाना पड़ रहा है।
इधर, नेता प्रतिपक्ष दीपक सोनकर ने इस मुद्दे को महिला सभापति का अपमान बताते हुए निगम प्रशासन पर निशाना साधा। उन्होंने इसे “ट्रिपल इंजन फेल” करार देते हुए कहा कि एक तरफ नारी सशक्तिकरण की बात होती है, वहीं दूसरी तरफ सभापति को इस तरह असुविधा झेलनी पड़ रही है।
वहीं महापौर रामू रोहरा ने सफाई देते हुए कहा कि सभापति, महापौर और कमिश्नर—तीनों की गाड़ियां खराब हैं। निगम में डीजल खपत कम करने और भुगतान व्यवस्था की दिक्कतों के चलते कई वाहन खड़े हो गए हैं। उन्होंने बताया कि जर्जर हो चुकी गाड़ियों को राइट-ऑफ कर नई गाड़ियों की मांग की जा रही है, क्योंकि पुराने वाहनों पर भारी खर्च आ रहा था।
महापौर ने यह भी स्पष्ट किया कि फिलहाल किराए पर वाहन लेने का कोई प्रस्ताव नहीं है और पेट्रोल-डीजल की समस्या के कारण स्थिति और जटिल हो गई है।
इस पूरे घटनाक्रम ने नगर निगम की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। विपक्ष ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो जोरदार विरोध किया जाएगा।




