मिडिल ईस्ट में तनाव बढ़ा: बहरीन और UAE के होटल अमेरिकी सैनिकों की वजह से हो सकते हैं निशाने पर

मिडिल ईस्ट में ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते युद्ध के बीच तनाव चरम पर पहुँच गया है। ईरान ने बहरीन और संयुक्त अरब अमीरात के होटल मालिकों को चेतावनी दी है कि अगर उन्होंने अपने होटलों में अमेरिकी सैनिकों को ठहराया तो ये ठिकाने ईरानी हमलों का निशाना बन सकते हैं।
ईरानी विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची ने कहा कि अमेरिकी सैनिक खाड़ी देशों के होटलों में शरण लेकर नागरिकों को मानव ढाल के रूप में इस्तेमाल कर रहे हैं। उन्होंने खाड़ी देशों से अनुरोध किया कि ऐसे सैनिकों को ठहराने से बचा जाए और अमेरिका जैसी नीति अपनाई जाए।
रिपोर्ट में बताया गया है कि अमेरिकी सैनिक बेरूत, दमिश्क और अन्य खाड़ी देशों के कई नागरिक इलाकों में छिपे हुए हैं। ईरान ने स्पष्ट किया कि यह चेतावनी तत्काल प्रभाव से लागू होगी और ऐसे ठिकानों को कोई राहत नहीं मिलेगी।
इससे पहले ईरान ने कतर और तेहरान में एक साइलेंट डील के तहत 6 बिलियन डॉलर के बदले अमेरिका के खिलाफ सीधे हमले से बचने की जानकारी दी थी।
विशेष जानकारी:
- अमेरिकी सैनिकों ने मिडिल ईस्ट के कई नागरिक इलाकों में अपनी मौजूदगी बनाई है।
- बेरूत, दमिश्क और जिबूती में तैनात सैनिक अमेरिकी सैन्य बुनियादी ढांचे का हिस्सा हैं।
- ईरान ने खाड़ी के होटलों को अल्टीमेटम दिया है कि अमेरिकी सैनिकों को ठहराना युद्ध के लिए लक्ष्य बन सकता है।




