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राष्ट्रीय खेल दिवस पर खिलाड़ियों का सम्मान: Vishnu Deo Sai ने 126 खिलाड़ियों-प्रशिक्षकों को दिया राज्य खेल अलंकरण, 1.74 करोड़ की पुरस्कार राशि

रायपुर, 29 अगस्त 2026

हॉकी के जादूगर मेजर ध्यानचंद की जयंती और राष्ट्रीय खेल दिवस के अवसर पर राजधानी रायपुर के पंडित दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम में राज्य खेल अलंकरण समारोह आयोजित किया गया। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने समारोह में वर्ष 2023-24, 2024-25 और 2025-26 के 126 उत्कृष्ट खिलाड़ियों एवं प्रशिक्षकों को राज्य खेल अलंकरण प्रदान किए।

समारोह में अलंकरण प्राप्त खिलाड़ियों एवं प्रशिक्षकों के अलावा 540 अन्य खिलाड़ियों को भी नगद प्रोत्साहन राशि दी गई। इस तरह कुल 666 खिलाड़ियों एवं प्रशिक्षकों को 1 करोड़ 74 लाख 19 हजार रुपए की पुरस्कार एवं प्रोत्साहन राशि प्रदान की गई।

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने खिलाड़ियों को सम्मानित करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उन्होंने कहा कि खेल के मैदान में खिलाड़ी का परिश्रम, अनुशासन और संघर्ष केवल उसकी व्यक्तिगत उपलब्धि तक सीमित नहीं रहता, बल्कि उसकी सफलता से पूरे प्रदेश और देश का गौरव बढ़ता है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ के खिलाड़ी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मंचों पर लगातार अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा रहे हैं। राज्य सरकार का प्रयास है कि प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को संसाधनों और अवसरों की कमी के कारण पीछे न रहना पड़े।

156 खिलाड़ियों के लिए खुला सरकारी नौकरी का रास्ता

मुख्यमंत्री ने बताया कि पिछले तीन वर्षों में राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को राज्य खेल अलंकरण से सम्मानित किया जा रहा है। खिलाड़ियों के भविष्य को सुरक्षित और बेहतर बनाने के लिए भी सरकार लगातार कदम उठा रही है।

उन्होंने बताया कि हाल ही में प्रदेश के 156 उत्कृष्ट खिलाड़ियों की सूची जारी की गई है। इससे इन खिलाड़ियों के लिए शासकीय सेवा में नियुक्ति का रास्ता खुला है। मुख्यमंत्री ने कहा कि खिलाड़ियों को सम्मान और प्रोत्साहन देने के साथ उनके भविष्य को संवारना भी सरकार की प्राथमिकता है।

बस्तर ओलंपिक में 3.91 लाख युवाओं ने लिया हिस्सा

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ के दूरस्थ और जनजातीय अंचलों में खेल प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है। जरूरत उन्हें पहचानने, अवसर देने और उचित प्रशिक्षण उपलब्ध कराने की है।

इसी उद्देश्य से राज्य सरकार पिछले दो वर्षों से बस्तर ओलंपिक का आयोजन कर रही है। पहले आयोजन में 1 लाख 65 हजार युवाओं ने हिस्सा लिया था, जबकि दूसरे वर्ष यह संख्या बढ़कर 3 लाख 91 हजार तक पहुंच गई।

मुख्यमंत्री ने कहा कि इतनी बड़ी संख्या में युवाओं का खेल मैदान तक आना बस्तर में आ रहे सकारात्मक बदलाव और युवाओं के बढ़ते आत्मविश्वास का प्रमाण है।

इसके साथ ही सरगुजा ओलंपिक और खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स के माध्यम से भी स्थानीय प्रतिभाओं को अपनी क्षमता दिखाने का बड़ा मंच मिल रहा है।

खेल उत्कर्ष मिशन के लिए 100 करोड़ रुपए

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार छत्तीसगढ़ में खेलों और खिलाड़ियों को आगे बढ़ाने के लिए पांच मिशन पर काम कर रही है। इनमें मुख्यमंत्री खेल उत्कर्ष मिशन भी शामिल है, जिसके लिए 100 करोड़ रुपए के बजट का प्रावधान किया गया है।

सरकार का लक्ष्य केवल प्रतियोगिताओं का आयोजन करना नहीं, बल्कि प्रतिभा की पहचान, प्रशिक्षण, आधुनिक संसाधन, बेहतर खेल अधोसंरचना और राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय मंचों तक पहुंच की पूरी व्यवस्था विकसित करना है।

कुनकुरी, रायगढ़ और रायपुर में विकसित हो रहे स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में खिलाड़ियों के लिए आधुनिक खेल अधोसंरचना तेजी से विकसित की जा रही है। कुनकुरी, रायगढ़ और रायपुर में स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स विकसित किए जा रहे हैं।

उन्होंने बताया कि तीरंदाजी खिलाड़ियों को विश्वस्तरीय प्रशिक्षण सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से नवा रायपुर में करीब 67 करोड़ रुपए की लागत से अकादमी का निर्माण किया जा रहा है।

वहीं, पहाड़ी कोरवा समुदाय की प्राकृतिक तीरंदाजी प्रतिभा को निखारने के लिए पंडरापाट में करीब 18 करोड़ रुपए की लागत से तीरंदाजी अकादमी विकसित की जा रही है।

अरुण साव बोले- छत्तीसगढ़ में खेल प्रतिभाओं की कमी नहीं

उप मुख्यमंत्री एवं खेल एवं युवा कल्याण मंत्री अरुण साव ने कहा कि छत्तीसगढ़ की भौगोलिक विविधता विभिन्न खेलों के लिए अनुकूल है। प्रदेश में खेल प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है, आवश्यकता इन प्रतिभाओं को पहचानकर उन्हें निखारने और आगे बढ़ने के पर्याप्त अवसर देने की है।

उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार इसी दिशा में लगातार कार्य कर रही है। उन्होंने बिलासपुर खेल अकादमी की गीता यादव और मधु सिदार के एशिया कप के लिए भारतीय टीम में चयन को पूरे छत्तीसगढ़ के लिए गौरव की बात बताया।

देश में खेलों के लिए सकारात्मक माहौल : तोखन साहू

केंद्रीय आवासन एवं शहरी कार्य राज्य मंत्री तोखन साहू ने कहा कि मेजर ध्यानचंद ने अपने खेल से भारत को दुनिया में गौरवान्वित किया। आज उनके पदचिह्नों पर चलते हुए छत्तीसगढ़ के बेटे-बेटियां विभिन्न खेलों में प्रदेश और देश का नाम रोशन कर रहे हैं।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में खिलाड़ियों को प्रोत्साहन, आधुनिक सुविधाएं और अवसर मिलने से देश में खेलों के प्रति सकारात्मक वातावरण बना है।

सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि आने वाले वर्षों में छत्तीसगढ़ के खिलाड़ियों के सामने कई बड़े अवसर हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि प्रदेश के खिलाड़ी ओलंपिक, एशियन गेम्स और राष्ट्रमंडल खेलों जैसे बड़े मंचों पर पदक जीतकर राज्य का गौरव बढ़ाएंगे।

तीन वर्षों के खिलाड़ियों और प्रशिक्षकों का सम्मान

राज्य खेल अलंकरण समारोह में वर्ष 2023-24, 2024-25 और 2025-26 के उत्कृष्ट खिलाड़ियों एवं प्रशिक्षकों को विभिन्न श्रेणियों में सम्मानित किया गया। इनमें शहीद राजीव पाण्डेय पुरस्कार, शहीद कौशल यादव पुरस्कार, वीर हनुमान सिंह पुरस्कार, शहीद पंकज विक्रम सम्मान, शहीद विनोद चौबे सम्मान और मुख्यमंत्री ट्रॉफी शामिल हैं।

वर्ष 2023-24 में शहीद राजीव पाण्डेय पुरस्कार से मोनिका साहू, सुभाष लहरे, अनुप यदु, राजेश राठौर, भूपेन्द्र कुमार गढ़े और परमानंद को सम्मानित किया गया। शहीद कौशल यादव पुरस्कार दिपांशी नेताम, महेन्द्र धुर्वे, अमित कुमार और राकेश कडती को मिला। वीर हनुमान सिंह पुरस्कार विकास ढीढ़ी को प्रदान किया गया।

इसी वर्ष शहीद पंकज विक्रम सम्मान से सीता साहू, करन भारती, प्रियंका ठाकुर, शशांक मसीह, राजीव साहू, काजल, भूमिका उपाध्याय और अजिंक्या सिंह सम्मानित हुए। शहीद विनोद चौबे सम्मान प्रवेश चढ्ढा, विजय बहादुर, लक्ष्मण लाल साहू, के. रवि शंकर और गिरिराज बागड़ी को दिया गया। मुख्यमंत्री ट्रॉफी बिलासपुर की पैरा व्हीलचेयर फेंसिंग टीम को मिली।

वर्ष 2024-25 में शहीद राजीव पाण्डेय पुरस्कार ज्ञानेश्वरी यादव, ईशान भटनागर, दिव्यांशु नेताम, भूमि गुप्ता, सोनम शर्मा, कलाराम पटेल और लोमेन्द्र साहू को मिला। शहीद कौशल यादव पुरस्कार मानस भट्टाचार्य और सुखदेव को तथा वीर हनुमान सिंह पुरस्कार अशोक कुमार साहू को प्रदान किया गया।

शहीद पंकज विक्रम सम्मान से सुमन यादव, रोहित रजक, गीतांजलि निर्मलकर, के.एस. साई प्रशांत, सुष्मिता सोम, रामकृष्ण साहू, स्वाति साहू, साकेत सामुएल, अमन तिवारी और मानसी डुंभरे सम्मानित हुए। मुख्यमंत्री ट्रॉफी बिलासपुर की सीनियर महिला तीरंदाजी टीम को प्रदान की गई।

वर्ष 2025-26 में शहीद राजीव पाण्डेय पुरस्कार से विकास कुमार, किरण पिस्दा, दीपांशी नेताम, सुजेय तंबोली, आयुष माखिजा, संजू देवी, रीमा राय, मिशा कुमारी और लक्की यादव सम्मानित हुए।

शहीद कौशल यादव पुरस्कार दिव्यांशु देवांगन, विक्रम राज, दिव्यांश अग्रवाल, सोनिका राजवाड़े, स्वप्निल प्रधान, भूमिका चौधरी, पूजा और निखिल कुमार यादव को दिया गया। वीर हनुमान सिंह पुरस्कार अजय दीप सारंग को मिला।

शहीद पंकज विक्रम सम्मान से संस्कार दिवान, विद्या सिंह, अंकुश सिंह, झमिता साहू, हेमशिखर, अरन्दिम देवनाथ, स्नेहा न्योगी, अनमोल सिंह, यश केरकेट्टा, टुकेश साहू, सेमेश्वर सिंह, श्रीकांत पाण्डे और खुशाल यादव सम्मानित हुए।

वहीं, शहीद विनोद चौबे सम्मान गंगेश्वर, ख्वाजा अहमद, एवन कुमार जैन, मो. अकरम खान और प्रदीप जोशी को प्रदान किया गया। मुख्यमंत्री ट्रॉफी तीरंदाजी सीनियर महिला टीम और सॉफ्ट टेनिस जूनियर बालिका टीम को दी गई।

समारोह में उप मुख्यमंत्री अरुण साव, केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू, संस्कृति मंत्री राजेश अग्रवाल, तकनीकी शिक्षा मंत्री गुरु खुशवंत साहेब, सांसद बृजमोहन अग्रवाल और विजय बघेल सहित विधायक, खेल संघों के पदाधिकारी, खिलाड़ी और प्रशिक्षक मौजूद रहे।

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