
बकावंड,7 अक्टूबर 2026
बस्तर जिले में वर्ष 2023 में शुरू की गई मिशन सिंगल विलेज योजना अब ग्रामीणों के लिए परेशानी का कारण बनती नजर आ रही है। योजना के तहत बनाई जा रही पानी की टंकियों में से करीब 50 प्रतिशत निर्माण कार्य अधूरा पड़ा होने का दावा किया जा रहा है।
जानकारी के अनुसार बकावंड सहित बस्तर के अंदरूनी इलाकों के 25 से अधिक गांवों में पानी टंकी का निर्माण बीच में ही रोक दिया गया है। ग्रामीणों का आरोप है कि ठेकेदार काम अधूरा छोड़कर मौके से चले गए हैं। इसके कारण ग्रामीण आज भी हैंडपंप और नदी-नालों के पानी पर निर्भर हैं।
नोटिस जारी, लेकिन काम शुरू नहीं
ग्रामीणों के अनुसार अधूरे निर्माण को लेकर कई बार शिकायत की गई। संबंधित विभाग की ओर से ठेकेदार को नोटिस जारी करने की बात कही गई है, लेकिन नोटिस के बाद भी निर्माण कार्य दोबारा शुरू नहीं हुआ। ग्रामीणों का कहना है कि उन्हें नोटिस नहीं, बल्कि पानी की सुविधा चाहिए।
इस मामले में जिम्मेदार अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठ रहे हैं। ग्रामीणों और मीडिया के अनुसार अधिकारियों से संपर्क करने पर कई बार फोन रिसीव नहीं किया जाता, जबकि कार्यालय में मिलने पर भी स्पष्ट जवाब नहीं मिल रहा है।
समाज सेवक बुधराम नेताम ने बताया कि दो साल बीत जाने के बावजूद गांव में पानी की टंकी अधूरी है। जल संकट लगातार बना हुआ है और कई बार शिकायत के बाद भी समस्या का समाधान नहीं हुआ।
ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि 15 दिनों के भीतर अधूरे निर्माण कार्य शुरू नहीं किए गए, तो वे कलेक्टर कार्यालय के सामने उग्र आंदोलन करने को मजबूर होंगे।




