पैक्ड फूड की 100% शुद्धता पर सवाल, FSSAI की कार्रवाई से कंपनियों के दावों की खुली पोल

नई दिल्ली,10 अगस्त 2026
बाजार में बिकने वाले पैक्ड फूड और ड्रिंक की गुणवत्ता को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं। भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (FSSAI) की हालिया कार्रवाई के बाद कई कंपनियों के ‘100 प्रतिशत शुद्ध’, ‘100 प्रतिशत ऑर्गेनिक’ जैसे दावों पर सवाल उठे हैं।
FSSAI ने पैक्ड खाद्य पदार्थ बेचने वाली कंपनियों को पैकेजिंग पर इस तरह के भ्रामक दावे करने से मना किया है। हाल ही में ब्रिटानिया की 100 प्रतिशत व्हीट ब्रेड के दावे को लेकर भी सवाल सामने आए। कंपनी के अनुसार उपभोक्ता हितों को ध्यान में रखना जरूरी है।
100 प्रतिशत शुद्धता वाले दावों पर सख्ती
FSSAI ने 3 अगस्त को डाबर को अपने उत्पादों से ‘100 प्रतिशत शुद्ध’ और ‘जैविक भारत’ जैसे लोगो और दावों को हटाने के निर्देश दिए। डाबर मधु, नारियल पानी और विनेगर सहित कई उत्पादों की बिक्री में इस तरह के दावे किए जाते रहे हैं। FSSAI के मुताबिक ऐसे दावे उपभोक्ताओं को गुमराह कर सकते हैं।
इसके अलावा, पिछले महीने FSSAI ने बाजार में एनर्जी ड्रिंक के लेबल से बिकने वाले कुछ पेय पदार्थों पर भी कार्रवाई की और उन्हें एनर्जी ड्रिंक के तौर पर पेश करने से रोकने के निर्देश दिए।
ड्राई फ्रूट्स में कीड़े और फंगस मिलने पर लाइसेंस रद्द
FSSAI ने उत्तर प्रदेश की VKC Nuts Private Limited का लाइसेंस भी रद्द किया। जांच के दौरान ड्राई फ्रूट्स की पैकिंग में कीड़े और फंगस पाए गए। इसके अलावा परिसर में चूहों की मौजूदगी और बेहद खराब स्वच्छता व्यवस्था भी सामने आई।
वहीं, AWL Agribusiness पर खाद्य तेल में विटामिन A और D की निर्धारित मात्रा नहीं मिलने पर जुर्माना लगाया गया।
उपभोक्ताओं को भी सतर्क रहने की सलाह
पैक्ड फूड के साथ-साथ होटल और रेस्टोरेंट में परोसे जाने वाले खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता को लेकर भी कार्रवाई की जा रही है। नकली पनीर और मसालों की फैक्ट्रियों पर कार्रवाई के मामले भी लगातार सामने आते हैं।
FSSAI उपभोक्ताओं से अपील करता है कि कोई भी पैक्ड फूड खरीदने से पहले लेबल पर लिखी सामग्री और दावों को ध्यान से पढ़ें। खासकर ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर बिकने वाले खाद्य उत्पादों के बारे में किए गए दावों की भी सावधानीपूर्वक जांच करना जरूरी है।




