नारायणपुर में ₹37.50 लाख के इनामी 22 नक्सलियों ने सरकार के सामने डाले हथियार, सीएम विष्णु देव साय बोले – अब बस्तर चाहता है विकास, नहीं बंदूक, 2026 तक नक्सलवाद खत्म करने का लक्ष्य

नारायणपुर में ₹37.50 लाख के इनामी 22 नक्सलियों ने सरकार के सामने डाले हथियार, सीएम विष्णु देव साय बोले – अब बस्तर चाहता है विकास, नहीं बंदूक, 2026 तक नक्सलवाद खत्म करने का लक्ष्य
रायपुर, 11 जुलाई 2025।
छत्तीसगढ़ के नारायणपुर जिले से नक्सल उन्मूलन को लेकर एक बड़ी और अहम खबर सामने आई है। यहां ₹37 लाख 50 हजार के इनामी 22 नक्सलियों ने सरकार के समक्ष आत्मसमर्पण कर दिया है। आत्मसमर्पित नक्सलियों पर ₹50 हजार से लेकर ₹8 लाख तक के इनाम घोषित थे। इस बड़ी कार्रवाई को राज्य सरकार की नवीन आत्मसमर्पण एवं पुनर्वास नीति 2025 की बड़ी सफलता माना जा रहा है।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने इस आत्मसमर्पण को लेकर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ (पूर्व ट्विटर) पर पोस्ट करते हुए लिखा –
“लोग अब बंदूक नहीं, विकास की राह पर साथ चलना चाहते हैं।”
मुख्यमंत्री ने बताया कि उनकी सरकार के कार्यकाल में अब तक कुल 1,476 माओवादी आत्मसमर्पण कर चुके हैं। यह संख्या राज्य में नक्सलवाद के खात्मे की दिशा में हो रहे ठोस प्रयासों का प्रतीक मानी जा रही है।
मुख्यमंत्री साय ने आगे कहा कि यह बड़ी सफलता जनकल्याणकारी योजनाओं और स्थानीय विश्वास निर्माण का परिणाम है। उन्होंने कहा,
“‘नियद नेल्लानार’ जैसी योजनाओं ने आम लोगों के मन में सरकार के प्रति विश्वास जगाया है। अब लोग हिंसा छोड़कर विकास की मुख्यधारा में लौटना चाहते हैं।”
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि आत्मसमर्पण करने वाले सभी नक्सलियों के पुनर्वास और पुनरुत्थान के लिए सरकार पूरी तरह प्रतिबद्ध है। इसके साथ ही उन्होंने दोहराया कि
“डबल इंजन की सरकार 31 मार्च 2026 तक छत्तीसगढ़ से नक्सलवाद को जड़ से समाप्त करने के लक्ष्य पर काम कर रही है।”
निष्कर्ष में, यह आत्मसमर्पण राज्य के लिए न केवल सुरक्षा दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण है, बल्कि यह विकास और लोकतंत्र की जीत के रूप में देखा जा रहा है।




