सुकमा में AK-47 थामने वाली महिला कमांडो गरबा-डांडिया पर थिरकीं, एसपी मयंक गुर्जर की पहल पर पुलिस लाइन में आयोजन

सुकमा, 18 अक्टूबर 2026
छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित सुकमा जिले में हाथों में AK-47 लेकर नक्सल मोर्चे पर तैनात रहने वाली महिला कमांडो गरबा-डांडिया की धुन पर थिरकती नजर आईं। कर्तव्य के मोर्चे पर बहादुरी और साहस का परिचय देने वाली इन महिला जवानों ने सांस्कृतिक आयोजन में उत्साहपूर्वक हिस्सा लेकर अपनी प्रतिभा का अलग रंग दिखाया। पुलिस अधीक्षक मयंक गुर्जर की पहल पर जिला मुख्यालय स्थित पुलिस लाइन में पहली बार एक दिवसीय गरबा-डांडिया कार्यक्रम आयोजित किया गया।
इस आयोजन में लंबे समय से नक्सल मोर्चे पर तैनात महिला कमांडो, दुर्गा फाइटर की महिला जवानों, पुलिस परिवारों की महिलाओं और बच्चों ने भाग लिया। इसके साथ ही शहीद पुलिसकर्मियों के परिवारों की महिलाओं और बच्चों की सहभागिता ने कार्यक्रम को खास बना दिया।
एसपी मयंक गुर्जर की पहल पर पहली बार हुआ आयोजन
सुकमा पुलिस लाइन में आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य पुलिस परिवारों को उत्सव के माध्यम से एक साथ लाना और महिला जवानों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर देना रहा। नक्सल प्रभावित क्षेत्र में कठिन परिस्थितियों के बीच जिम्मेदारियां निभाने वाली महिला कमांडो के लिए यह आयोजन रोजमर्रा की चुनौतीपूर्ण दिनचर्या से अलग खुशी और उमंग का अवसर बना।
गरबा-डांडिया की धुन पर महिला जवानों ने उत्साह के साथ प्रस्तुतियां दीं। कार्यक्रम में शामिल महिलाओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। बेहतर प्रदर्शन करने वाली प्रतिभागियों को पुरस्कार देकर सम्मानित भी किया गया।
वर्दी की जिम्मेदारियों के बीच दिखा उत्सव का रंग
नक्सल मोर्चे पर सुरक्षा की जिम्मेदारी संभालने वाली महिला कमांडो आमतौर पर कठिन परिस्थितियों में ड्यूटी निभाती हैं। ऐसे में गरबा-डांडिया जैसे सांस्कृतिक आयोजन ने उन्हें अपनी कला और हुनर दिखाने का अवसर दिया।
कार्यक्रम में पुलिस परिवारों और शहीद परिवारों की भागीदारी से आपसी जुड़ाव और सहयोग की भावना को भी बढ़ावा मिला। सुरक्षा की जिम्मेदारियों के बीच महिला जवानों का यह सांस्कृतिक अंदाज आयोजन का प्रमुख आकर्षण रहा।
वरिष्ठ अधिकारी परिवारों के साथ हुए शामिल
कार्यक्रम में महिला प्रतिभागियों का उत्साह बढ़ाने के लिए सीआरपीएफ डीआईजी आनंद सिंह, कलेक्टर अमित कुमार, एसपी मयंक गुर्जर, एएसपी रोहित शाह, एएसपी मनोज तिर्की, वन विभाग के एसडीओ परख सारडा और रक्षित केंद्र अधिकारी रवि उपाध्याय अपने परिवारों के साथ मौजूद रहे।
अधिकारियों की मौजूदगी से पुलिस परिवारों के बीच आपसी जुड़ाव और उत्साह को बढ़ावा मिला। यह आयोजन पुलिसकर्मियों के परिवारों और शहीद परिवारों को एक मंच पर लाने तथा महिला जवानों को अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर देने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल रहा।
सुकमा में आयोजित इस कार्यक्रम ने यह संदेश दिया कि कठिन परिस्थितियों में सुरक्षा की जिम्मेदारी निभाने वाले जवानों के जीवन में भी संस्कृति, परंपरा और उत्सव के लिए खास जगह है।




