बस्तर में शुरू हुआ “हरिक उदिम” परियोजना, बादल एकेडमी में दिया जा रहा प्रशिक्षण


“बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की ओर कदम”

जगदलपुर, 31 अगस्त 2025।
बस्तर जिला प्रशासन ने तितली संघरक्षिणी कार्यक्रम के सहयोग से “हरिक उदिम” नामक एक महत्वाकांक्षी पहल की शुरुआत की है। इस परियोजना का उद्देश्य आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं को सशक्त बनाना है, ताकि वे बस्तर के नन्हें बच्चों को बेहतर देखभाल और गुणवत्तापूर्ण प्रारंभिक शिक्षा प्रदान कर सकें।
इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में जिले के सातों विकासखण्डों से 240 प्रतिभागी शामिल हुए हैं, जिनमें 120 आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और 120 सहायिकाएँ शामिल हैं। बादल एकेडमी में हो रहे इस प्रशिक्षण के दौरान उन्हें प्रारंभिक बाल्यावस्था देखभाल एवं शिक्षा की बारीकियों से अवगत कराया जा रहा है।
कार्यक्रम के अंतर्गत प्रतिभागियों को न केवल बच्चों की शिक्षा और देखभाल की तकनीकों का प्रशिक्षण दिया जा रहा है, बल्कि ग्राम स्वास्थ्य, स्वच्छता और पोषण दिवस से जुड़ी जानकारियों से भी सशक्त किया जा रहा है। व्यावहारिक अनुभवों के जरिये उन्हें इस तरह तैयार किया जा रहा है कि वे समुदाय में जाकर प्रभावी ढंग से बच्चों और परिवारों के साथ काम कर सकें।
जिला प्रशासन का मानना है कि “हरिक उदिम” केवल एक प्रशिक्षण पहल नहीं है, बल्कि बस्तर के बच्चों के सुनहरे भविष्य की नींव है। यह प्रयास आने वाली पीढ़ियों को मजबूत बनाने और एक स्वस्थ समुदाय के निर्माण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगा।




