भाजपा सरकार पर सरपंच नीलम कश्यप का बड़ा आरोप

,,बस्तर में महीनों से पेंशन भुगतान बंद, बुजुर्ग और जरूरतमंद बेहाल,,
बस्तर,बकावंड। जनपद पंचायत बकावंड के आने वाले ग्राम पंचायत कोसमी की युवा सरपंच नीलम कश्यप ने भारतीय जनता पार्टी सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि नवंबर माह से विधवा, वृद्धा और दिव्यांग पेंशन की राशि हितग्राहियों के खातों में जमा नहीं की गई है।
इस लापरवाही के चलते पंचायतों में रहने वाले बुजुर्गों और जरूरतमंद नागरिकों को भारी आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा है।
. ,,पूरा मामला,,
प्रेस विज्ञप्ति जारी कर सरपंच नीलम कश्यप ने कहा कि पेंशन राशि ही बुजुर्गों और असहाय नागरिकों का मुख्य सहारा होती है। इसी राशि से वे साग-सब्जी, दवाइयाँ और रोजमर्रा की जरूरतें पूरी करते हैं।
वृद्धावस्था और शारीरिक असमर्थता के कारण अधिकांश हितग्राही कोई अन्य आय का साधन नहीं जुटा सकते, ऐसे में महीनों से पेंशन न मिलना उनके लिए जीवन-यापन का संकट बन गया है।
उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार अन्य योजनाओं में तो नियमित भुगतान कर रही है, लेकिन पेंशनधारियों की लगातार अनदेखी की जा रही है। यह सरकार की संवेदनहीनता और प्रशासनिक विफलता को दर्शाता है।
सरपंच ने यह भी कहा कि केवल कोसमी पंचायत ही नहीं, बल्कि पूरे बस्तर जिला में पेंशन व्यवस्था पूरी तरह से ठप पड़ी हुई है, जिससे हजारों हितग्राही परेशान हैं।
⚠️,,चेतावनी और मांग,,
नीलम कश्यप ने सरकार से मांग की है कि
लंबित पेंशन राशि तत्काल जारी की जाए
भविष्य में पेंशन का भुगतान समयबद्ध और नियमित किया जाए,उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द समाधान नहीं हुआ, तो जनप्रतिनिधियों और हितग्राहियों के साथ मिलकर आंदोलन का रास्ता अपनाया जाएगा।
बस्तर जैसे आदिवासी और पिछड़े क्षेत्र में पेंशन केवल एक योजना नहीं, बल्कि बुजुर्गों और असहाय लोगों के लिए सम्मान के साथ जीने का आधार है। अब देखना यह होगा कि सरकार इस गंभीर मुद्दे पर कब तक संज्ञान लेती है, या फिर जनता को अपने हक के लिए सड़कों पर उतरना पड़ेगा।




