
जगदलपुर। कलेक्टर आकाश छिकारा ने सोमवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से महिला एवं बाल विकास विभाग की विभिन्न योजनाओं और विभागीय गतिविधियों की समीक्षा की। उन्होंने योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर जोर देते हुए जिले को कुपोषण मुक्त बनाने के लिए सकारात्मक और समन्वित प्रयास करने के निर्देश दिए।
समीक्षा बैठक में कलेक्टर ने पोषण पुनर्वास केंद्र (एनआरसी) में चिन्हित कुपोषित बच्चों को उपचार सुविधाएं उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के साथ बेहतर समन्वय स्थापित कर रोस्टर के अनुसार संबंधित बच्चों को एनआरसी में भर्ती कर उपचार सुनिश्चित करने के निर्देश अधिकारियों को दिए।
बैठक के दौरान प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने सभी पात्र हितग्राहियों की जानकारी पोर्टल पर शत-प्रतिशत दर्ज करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पात्र महिलाओं को समय पर योजना का लाभ मिलना सुनिश्चित किया जाए।
कलेक्टर ने महिला एवं बाल विकास विभाग के अंतर्गत संचालित पूरक पोषण आहार, गर्म भोजन वितरण और टेक होम राशन जैसी पोषण योजनाओं की प्रगति की भी जानकारी ली। इसके साथ ही मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना, नोनी सुरक्षा योजना और सुकन्या समृद्धि योजना की समीक्षा करते हुए इन योजनाओं का लाभ पात्र हितग्राहियों तक पहुंचाने पर जोर दिया।
उन्होंने महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए महिला कोष और सक्षम योजना के तहत ऋण वितरण के लक्ष्यों को निर्धारित समय-सीमा में पूरा करने के निर्देश भी दिए। बैठक में जिले के सभी परियोजना अधिकारी उपस्थित थे।
इस दौरान महिला एवं बाल विकास विभाग के जिला कार्यक्रम अधिकारी मनोज कुमार सिन्हा भी मौजूद रहे। कलेक्टर ने कहा कि शासन की जनहितकारी योजनाओं का लाभ पात्र हितग्राहियों तक पहुंचाना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है और पोर्टल पर डेटा एंट्री सहित सभी चयनित हितग्राहियों को शत-प्रतिशत लाभान्वित किया जाना सुनिश्चित किया जाए।




