बस्तर: जिला सहकारी केंद्रीय बैंक की 77वीं वार्षिक आमसभा संपन्न, किसानों और ग्रामीणों के आर्थिक विकास पर जोर

जगदलपुर, 19 सितंबर 2025।
जिला सहकारी केंद्रीय बैंक मर्यादित जगदलपुर की 77वीं वार्षिक आमसभा शुक्रवार को आयोजित हुई। इस अवसर पर कलेक्टर एवं प्राधिकृत अधिकारी हरिस एस ने कहा कि बैंक लगातार किसानों और ग्रामीणों की आय संवृद्धि के लिए सेवाओं का विस्तार कर रहा है।
उन्होंने बताया कि बैंक की वर्तमान में 47 शाखाएं संचालित हैं और 258 आदिम जाति सेवा सहकारी समितियों का वित्तपोषण किया जा रहा है। साथ ही 7 नई शाखाएं खोलने का प्रस्ताव भारतीय रिजर्व बैंक को भेजा गया है। ग्रामीणों की सुविधा के लिए बैंक के 40 एटीएम मशीनों के साथ-साथ मोबाइल एटीएम वैन भी बस्तर और नारायणपुर में संचालित की जा रही हैं।
कलेक्टर ने कहा कि राज्य शासन की किसान हितैषी नीति के तहत समितियों के माध्यम से किसानों को शून्य प्रतिशत ब्याज दर पर अधिकतम 5 लाख रुपए तक का अल्पकालीन कृषि ऋण उपलब्ध कराया जा रहा है। साथ ही सिंचाई, कृषि यंत्रीकरण, उद्यानिकी, पशुपालन, मत्स्यपालन और अन्य आयमूलक गतिविधियों को भी बैंक बढ़ावा दे रहा है।
बैंक सीईओ केएस ध्रुव का प्रस्तुतीकरण
बैंक के सीईओ केएस ध्रुव ने बताया कि वर्ष 2024-25 में
2 लाख 474 किसानों को अल्पकालीन केसीसी ऋण 1033.73 करोड़ रुपए वितरित किया गया।
176 किसानों को मध्यम एवं दीर्घकालीन ऋण 4.08 करोड़ रुपए दिया गया।
99238.76 मीट्रिक टन रासायनिक खाद और 45844.25 क्विंटल उन्नत बीज किसानों को वितरित किए गए।
अब तक कुल 392703 कृषकों को केसीसी कार्ड जारी किया जा चुका है।
धान खरीदी के मोर्चे पर वर्ष 2024-25 में समितियों द्वारा 2.32 लाख किसानों से 14.04 लाख मीट्रिक टन धान खरीदा गया। वहीं स्व-सहायता समूहों को भी एनआरएलएम और एनयुएलएम योजनाओं के तहत 432.70 लाख रुपए का ऋण वितरित किया गया है।
नई सेवाएं और तकनीकी विस्तार
बैंक ने अगस्त 2025 से यूपीआई सेवा शुरू की है। साथ ही 228 समितियों में पैक्स कंप्यूटराइजेशन का काम तेजी से चल रहा है। नाबार्ड के सहयोग से 80 समितियों में माइक्रो एटीएम की सुविधा दी गई है, वहीं 38 दुग्ध उत्पादन समितियां भी इससे जोड़ी गई हैं।
इसके अतिरिक्त बस्तर और सुकमा जिले में 4 किसान उत्पादक संगठन (FPO) गठित किए गए हैं, जिनमें अब तक 1610 सदस्य जुड़ चुके हैं। ये संगठन क्षेत्रीय खाद्य उत्पादों के प्रसंस्करण, पैकेजिंग और मार्केटिंग का काम करेंगे।
आमसभा में वित्तीय वर्ष 2024-25 का वार्षिक प्रतिवेदन और बजट प्रस्तुत कर अनुमोदित किया गया। बैठक में नाबार्ड के प्रतिनिधियों, सहकारिता विभाग, कृषि एवं उद्यानिकी विभागों के अधिकारी और सहकारी समितियों के प्रतिनिधि मौजूद रह




