मां दंतेश्वरी मंदिर में बड़ी चोरी, लाखों के स्वर्ण–रजत आभूषण और मूर्तियां ले उड़ा चोर




जगदलपुर। बस्तर की आराध्य देवी मां दंतेश्वरी मंदिर में बीती रात चोरी की बड़ी घटना सामने आई है। देर रात एक नकाबपोश चोर मंदिर में सेंध लगाकर देवी–देवताओं के बहुमूल्य आभूषण और मूर्तियां चोरी कर फरार हो गया। इस घटना से पूरे नगर में आक्रोश और चिंता का माहौल बन गया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, चोर ने मंदिर परिसर में घुसकर राजपरिवार द्वारा वर्ष 2024 में कुलदेवी मां काली को समर्पित किया गया स्वर्ण हार, माता दंतेश्वरी के विग्रह से चांदी का हार जिसमें स्वर्ण लॉकेट जड़ा हुआ था, साथ ही देवी–देवताओं की तीन पीतल की मूर्तियां चोरी कर लीं। स्वर्ण हार की वर्तमान अनुमानित कीमत 7 से 8 लाख रुपये बताई जा रही है।
बताया जा रहा है कि यह घटना रात लगभग 1 बजे के आसपास की है। मंदिर में लगे सीसीटीवी कैमरों में पूरी वारदात कैद हो गई है, जिसमें एक नकाबपोश चोर हाथ में लोहे की रॉड लेकर मंदिर के भीतर प्रवेश करता दिखाई दे रहा है और विग्रहों से आभूषण निकालते हुए स्पष्ट रूप से नजर आ रहा है।
सुबह मंदिर के पुजारी उदय पाणिग्राही जब नियमित पूजा के लिए मंदिर पहुंचे, तो उन्होंने मुख्य द्वार को टूटा हुआ पाया। इसके बाद तत्काल पुलिस को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और जांच प्रारंभ की गई।
मामले में तहसीलदार राहुल कुमार गुप्ता ने बताया कि चोरी की सूचना मिलते ही वे मंदिर पहुंचे। उन्होंने बताया कि मंदिर की सुरक्षा में दो गार्ड तैनात रहते हैं और प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि चोर पिछले दरवाजे से मंदिर के भीतर दाखिल हुआ था। पूरे मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है।
वहीं बस्तर पुलिस अधीक्षक शलभ सिन्हा ने बताया कि मां दंतेश्वरी मंदिर में चोरी की घटना सामने आई है। अब तक की जानकारी के अनुसार काली माता का स्वर्ण हार तथा मां दंतेश्वरी का चांदी का हार जिसमें स्वर्ण लॉकेट लगा हुआ था चोरी हुआ है। पुलिस सभी पहलुओं पर जांच कर रही है और जल्द ही आरोपी की पहचान कर कार्रवाई की जाएगी।
बस्तर के सबसे बड़े और आस्था के प्रमुख केंद्र मां दंतेश्वरी मंदिर में हुई इस चोरी की घटना ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय नागरिकों और श्रद्धालुओं में घटना को लेकर भारी रोष देखने को मिल रहा है। लोगों का कहना है कि यदि सुरक्षा व्यवस्था मजबूत होती तो इतनी बड़ी चोरी संभव नहीं हो पाती।
अब देखना होगा कि बस्तर पुलिस कितनी तेजी से इस मामले का खुलासा कर पाती है और क्या मंदिरों की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर प्रशासन कोई ठोस कदम उठाता है। फिलहाल मां दंतेश्वरी मंदिर में हुई यह चोरी न केवल प्रशासन के लिए चुनौती बनी हुई है, बल्कि आस्था से जुड़े स्थानों की सुरक्षा पर भी बड़ा प्रश्नचिह्न छोड़ गई है।




